नवम्बर 3, 2026
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Muhurat Trading 2026 Kab Hai: रविवार 8 नवंबर, दोपहर 2:20 से खुलेगा बाजार

मुहूर्त ट्रेडिंग 2026: मुंबई में बीएसई की इमारत

रविवार को शेयर बाजार आम तौर पर बंद रहता है, लेकिन इस बार 8 नवंबर का रविवार अलग होगा। मुहूर्त ट्रेडिंग 2026 कब है (Muhurat Trading 2026 Kab Hai)? नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) और बीएसई (BSE) के 19 अक्टूबर 2026 के सर्कुलर के मुताबिक दिवाली मुहूर्त ट्रेडिंग रविवार, 8 नवंबर 2026 को होगी। इक्विटी (कैश) बाजार में सामान्य कारोबार दोपहर 2:20 बजे से 3:30 बजे तक चलेगा, यानी कुल 70 मिनट। इससे पहले दोपहर 2:05 से 2:20 बजे तक प्री-ओपन सत्र होगा। दिवाली की लक्ष्मी पूजा भी इसी दिन है, और नया संवत इसी सत्र से शुरू माना जाएगा।

मुहूर्त ट्रेडिंग 2026: मुंबई में बीएसई की इमारत
मुंबई के दलाल स्ट्रीट पर बीएसई की इमारत। 8 नवंबर, रविवार को यहीं से संवत 2083 का पहला कारोबारी सत्र चलेगा (फाइल फोटो: BSEINDIA / Wikimedia Commons, CC BY-SA 3.0)

Muhurat Trading 2026 Time: एक नजर में पूरा शेड्यूल

एनएसई के कैपिटल मार्केट सर्कुलर (NSE/CMTR/76941) और बीएसई के इक्विटी नोटिस (20261019-9) में दिया गया समय:

  • तारीख: रविवार, 8 नवंबर 2026 (दिवाली लक्ष्मी पूजन)
  • ब्लॉक डील विंडो: दोपहर 1:50 से 2:05 बजे तक
  • प्री-ओपन सत्र: दोपहर 2:05 से 2:20 बजे तक (2:05 से 2:10 तक लिमिट और मार्केट दोनों ऑर्डर, 2:10 से 2:15 तक सिर्फ लिमिट ऑर्डर, फिर मैचिंग और बफर)
  • सामान्य कारोबार (इक्विटी): दोपहर 2:20 से 3:30 बजे तक
  • क्लोजिंग ऑक्शन वाले शेयर: सामान्य कारोबार 3:15 बजे तक, फिर 3:20 से 3:30 बजे तक क्लोजिंग ऑक्शन के ऑर्डर
  • आईपीओ और री-लिस्टेड शेयर: स्पेशल प्री-ओपन 2:05 से 2:50 बजे तक, कारोबार 3:05 से 3:30 बजे तक
  • पोस्ट-क्लोज सत्र: दोपहर 3:50 से 4:00 बजे तक
  • ट्रेड में बदलाव की आखिरी सीमा: शाम 4:15 बजे

F&O, कमोडिटी और करेंसी: किसका बाजार कब तक खुलेगा

डेरिवेटिव में सौदे करने वालों को 10 मिनट ज्यादा मिलेंगे। एनएसई के फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस सर्कुलर (NSE/FAOP/76940) और बीएसई के इक्विटी डेरिवेटिव नोटिस के मुताबिक F&O में कारोबार दोपहर 2:20 से 3:40 बजे तक चलेगा। इसका प्री-ओपन भी 2:05 बजे शुरू होगा।

  • इक्विटी F&O: दोपहर 2:20 से 3:40 बजे तक
  • कमोडिटी डेरिवेटिव (NSE और BSE): दोपहर 2:20 से 3:30 बजे तक
  • करेंसी डेरिवेटिव (NSE और BSE): दोपहर 2:20 से 3:30 बजे तक
  • इलेक्ट्रॉनिक गोल्ड रिसीट (BSE): दोपहर 2:20 से 3:30 बजे तक
मुहूर्त ट्रेडिंग: मुंबई में एनएसई का एक्सचेंज प्लाजा
मुंबई के बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स में एनएसई का मुख्यालय एक्सचेंज प्लाजा (फाइल फोटो: Nsewebmaster / Wikimedia Commons, CC BY-SA 4.0)

शाम नहीं, दोपहर में क्यों? लगातार दूसरे साल बदली परंपरा

लंबे समय तक मुहूर्त ट्रेडिंग दिवाली की शाम होती थी। 2024 में यह सत्र शाम 6 से 7 बजे चला था। फिर 2025 में एक्सचेंजों ने इसे दोपहर में खिसका दिया और 21 अक्टूबर 2025 को कारोबार दोपहर 1:45 से 2:45 बजे तक हुआ। इस बार भी सत्र दोपहर में है, बस समय थोड़ा आगे बढ़कर 2:20 से 3:30 बजे हो गया है और कारोबार 60 की जगह 70 मिनट चलेगा।

इसका एक सीधा फायदा परिवारों को मिलेगा। द्रिक पंचांग के अनुसार नई दिल्ली में 8 नवंबर को लक्ष्मी पूजा का मुहूर्त शाम 5:54 से 7:50 बजे तक है। यानी बाजार का सत्र पूजा से करीब ढाई घंटे पहले ही खत्म हो जाएगा और कारोबारी शाम की पूजा के लिए खाली रहेंगे।

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दिवाली पर घर में लक्ष्मी पूजा
दिवाली पर घर में मां लक्ष्मी की पूजा। कारोबारी इसी दिन नए बही-खाते की शुरुआत करते हैं (फाइल फोटो: humdingor / Wikimedia Commons, CC BY-SA 2.0)

मुहूर्त ट्रेडिंग क्या है: बही-खाते से डीमैट तक की परंपरा

गुजराती और मारवाड़ी कारोबारी परिवारों में दिवाली के दिन नए बही-खाते (चोपड़ा) की पूजा होती है। द्रिक पंचांग के दिवाली कैलेंडर में इस साल चोपड़ा पूजा भी 8 नवंबर को दर्ज है। मान्यता है कि इस शुभ घड़ी में किया गया पहला सौदा पूरे साल के कारोबार की नींव रखता है। शेयर बाजार ने इसी परंपरा को अपनाया और दिवाली पर एक घंटे के खास सत्र की रीत बन गई।

बाजार की भाषा में यह सत्र नए संवत की शुरुआत है। इस बार की मुहूर्त ट्रेडिंग के साथ विक्रम संवत 2083 का कारोबारी साल शुरू होगा। बहुत से निवेशक इस दिन मुनाफे के लिए नहीं, बल्कि शगुन के तौर पर अपनी पसंद के किसी शेयर की थोड़ी सी खरीद करते हैं।

मुहूर्त ट्रेडिंग: बीएसई परिसर में बुल की प्रतिमा
बीएसई परिसर में लगी सांड (बुल) की प्रतिमा, जिसे बाजार में तेजी का प्रतीक माना जाता है (फाइल फोटो: Pradeep717 / Wikimedia Commons, CC BY-SA 4.0)

सौदा करने से पहले ये बातें जान लें

  • सौदे असली हैं: दोनों एक्सचेंजों के सर्कुलर साफ कहते हैं कि मुहूर्त ट्रेडिंग में हुए सभी सौदों पर सेटलमेंट की जिम्मेदारी बनेगी। यानी यह कोई सांकेतिक या डेमो सत्र नहीं है, खरीदे गए शेयरों का भुगतान करना होगा।
  • UCC की शर्त: एनएसई के 26 अक्टूबर के सर्कुलर (NSE/ISC/77098) के मुताबिक जिन क्लाइंट कोड (UCC) को एक्सचेंज शनिवार 7 नवंबर रात 10 बजे तक कंप्लायंट मान लेगा, वही 8 नवंबर को ट्रेड कर पाएंगे। KYC या खाते से जुड़ा कोई काम बाकी हो तो पहले निपटा लें।
  • समय कम, उतार-चढ़ाव तेज: सत्र सिर्फ 70 मिनट का है, इसलिए हड़बड़ी में मार्केट ऑर्डर लगाने से बचें। ब्रोकर का ऐप और फंड पहले से तैयार रखें।
  • सोमवार को बाजार खुला, मंगलवार को बंद: एनएसई की 2026 की छुट्टियों की सूची में 9 नवंबर नहीं है, यानी सोमवार को सामान्य कारोबार होगा। मंगलवार, 10 नवंबर को दिवाली बलिप्रतिपदा की छुट्टी के कारण बाजार बंद रहेगा।

बाजार की छुट्टियों की सूची में 8 नवंबर को ‘दिवाली लक्ष्मी पूजन’ के तौर पर रविवार की छुट्टी दर्ज थी, साथ में यह नोट भी कि इसी दिन मुहूर्त ट्रेडिंग होगी और उसका समय बाद में बताया जाएगा। 19 अक्टूबर के सर्कुलर से वह तस्वीर अब पूरी तरह साफ है।

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यह लेख एनएसई और बीएसई के 19 और 26 अक्टूबर 2026 के आधिकारिक सर्कुलर, एनएसई की 2026 की ट्रेडिंग छुट्टियों की सूची और द्रिक पंचांग पर आधारित है। यह निवेश की सलाह नहीं है; कोई भी सौदा करने से पहले अपने ब्रोकर या वित्तीय सलाहकार से बात करें।

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